उत्तराखंड

राज्य में विद्युत दरों के प्रस्ताव की पहली जनसुनवाई,निशुल्क बिजली देने से किया इंकार

रुद्रपुर। उत्तराखंड विद्युत नियामक आयोग की ओर राज्य में विद्युत दरों के प्रस्ताव पर जनसुनवाई विकास भवन सभागार में हुई। आयोग के कार्यवाहक अध्यक्ष डीपी गैरोला, सचिव नीरज सती, तकनीकि सदस्य एमके जैन ने समस्याएं सुनीं। एमके जैन ने कहा कि यूपीसीएल की ओर से रोस्टिंग की जा रही है, जिसका एप्रूवल भी नहीं लिया गया है। उन्होंने कहा कि आयोग किसी को फ्री पावर नहीं दे सकता है। कार्यवाहक अध्यक्ष डीपी गैरोला ने कहा कि जब उत्तराखंड ऊर्जा प्रदेश था तब यहां उद्योग नहीं थे। वर्तमान में आवश्यकता के अनुसार कार्य किया जा रहा है।

उत्तराखंड विद्युत नियामक आयोग की जनसुनवाई में टैरिफ दरों में प्रस्तावित वृद्धि का विरोध किया गया। जिले से पहुंचे उद्यमियों और किसानों ने कहा कि उनकी दशा पहले से ही काफी खराब है। ऐसे में यदि विद्युत दरें भी बढ़ाई जाती हैं तो स्थिति ज्यादा खराब हो जाएगी। कुछ लोगों ने निशुल्क बिजली देने की भी मांग की। हालांकि आयोग ने इसे राजनीतिक मामला बताता हुए निशुल्क बिजली देने से इन्कार किया है।इस दौरान यूपीसीएल के वित्त निदेशक नवीन गुप्ता, चीफ इंजीनियर नीरज कुमार टम्टा, केजीसीसीआई अध्यक्ष विकास जिंदल आदि मौजूद थे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *