देहरादून में ओवरटेकिंग विवाद ने ली रिटायर्ड ब्रिगेडियर की जान, फायरिंग से दहशत
देहरादून में सोमवार सुबह एक मामूली सड़क विवाद ने भयावह रूप ले लिया। ओवरटेकिंग को लेकर दो कार सवारों के बीच शुरू हुई कहासुनी अचानक हिंसा में बदल गई, जिसकी चपेट में आकर मॉर्निंग वॉक पर निकले एक निर्दोष व्यक्ति—रिटायर्ड ब्रिगेडियर वीके जोशी—की जान चली गई।
कैसे बढ़ा विवाद?
घटना सुबह करीब 6:50 बजे मसूरी रोड के मालसी क्षेत्र के पास हुई। जानकारी के मुताबिक, दिल्ली नंबर की फॉर्च्यूनर और एक स्कॉर्पियो के बीच रास्ता देने को लेकर बहस शुरू हुई। देखते ही देखते मामला इतना बढ़ गया कि स्कॉर्पियो सवारों ने फॉर्च्यूनर का पीछा करना शुरू कर दिया।
टायर निशाना, लेकिन चली गई जान
बताया जा रहा है कि स्कॉर्पियो सवार आरोपियों ने फॉर्च्यूनर को रोकने के लिए उसके टायरों पर गोली चलाई। इसी दौरान सड़क किनारे टहल रहे 70 वर्षीय रिटायर्ड ब्रिगेडियर वीके जोशी को गोली लग गई। उन्हें तुरंत अस्पताल ले जाया गया, लेकिन इलाज के दौरान उन्होंने दम तोड़ दिया।
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हादसे के बाद भी नहीं रुकी हिंसा
फायरिंग से बचने की कोशिश में फॉर्च्यूनर अनियंत्रित होकर जोहड़ी गांव के पास एक पेड़ से टकरा गई। इसके बाद भी स्कॉर्पियो सवार हमलावर नहीं रुके और उन्होंने कार में मौजूद लोगों के साथ मारपीट की तथा वाहन को नुकसान पहुंचाया। इस हमले में दो लोग घायल हो गए।
आरोपी फरार, पुलिस अलर्ट
घटना के बाद सभी आरोपी मौके से फरार हो गए। पुलिस ने तुरंत पूरे जिले में नाकेबंदी कर दी है और संदिग्ध वाहनों की जांच की जा रही है। आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी खंगाली जा रही है ताकि आरोपियों की पहचान की जा सके।
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पुलिस का बयान
एसएसपी देहरादून प्रमेन्द्र डोबाल ने घटना को बेहद दुर्भाग्यपूर्ण बताया है। उन्होंने कहा कि पुलिस घायलों और चश्मदीदों से जानकारी जुटा रही है और जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
शोक और गुस्से का माहौल
इस घटना ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है। एक सम्मानित रिटायर्ड सेना अधिकारी की इस तरह मौत होने से लोगों में आक्रोश है, वहीं उनके परिवार में गहरा शोक छा गया है। रोज की तरह सुबह सैर पर निकले ब्रिगेडियर जोशी को अंदाजा भी नहीं था कि एक मामूली सड़क विवाद उनकी जिंदगी छीन लेगा।
