चक्रवात अर्नब का तांडव! भारी बारिश से आंध्र प्रदेश में हाहाकार
Cyclone Arnab: आंध्र प्रदेश में चक्रवात अर्नब का असर तेज हो गया है। तटीय इलाकों में भारी बारिश और तेज हवाओं ने जनजीवन प्रभावित कर दिया है। कई जगह समुद्र का पानी रिहायशी इलाकों तक पहुंच गया है, जिससे बाढ़ जैसे हालात पैदा हो गए हैं। मौसम विभाग ने रेड अलर्ट जारी किया है, जबकि राज्य सरकार और स्थानीय प्रशासन किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए सतर्क हैं।
अमरावती: आंध्र प्रदेश के तटीय जिलों में चक्रवाती तूफान अर्नब ने अपना असर दिखाना शुरू कर दिया है। अत्यंत गंभीर चक्रवाती तूफान में तब्दील हो चुके अर्नब के कारण समुद्र में ऊंची लहरें उठ रही हैं। लगातार हो रही बारिश और तेज हवाओं से कई इलाकों में पानी भर गया है। तूफान के प्रभाव को देखते हुए प्रशासन अलर्ट मोड पर है और प्रभावित क्षेत्रों में बचाव अभियान चलाए जा रहे हैं।
तट के बेहद करीब पहुंचा चक्रवात, 150 किमी प्रति घंटे तक चल सकती हैं हवाएं
भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) के मुताबिक, बुधवार को चक्रवात अर्नब के आंध्र प्रदेश तट पर पहुंचने की प्रक्रिया जारी है। तूफान का केंद्र समुद्र तट के बेहद करीब बना हुआ है और इसके साथ आए घने बादल तटीय क्षेत्रों में प्रवेश कर चुके हैं।
मौसम विभाग ने अपने आधिकारिक बयान में बताया कि चक्रवात उत्तर-पश्चिम दिशा की ओर आगे बढ़ रहा है। अगले तीन घंटों के दौरान इसके अत्यंत गंभीर चक्रवाती तूफान के रूप में बापटला और विशाखापत्तनम के बीच, यनम के दक्षिण में आंध्र प्रदेश और यनम तटों को पार करने की संभावना जताई गई है।
इस दौरान हवाओं की अधिकतम निरंतर रफ्तार 135 किलोमीटर प्रति घंटा तक रह सकती है, जबकि हवा के झोंके 150 किलोमीटर प्रति घंटे की गति तक पहुंच सकते हैं।
चार जिलों में भारी बारिश, कई जगह गिरे पेड़
चक्रवात के प्रभाव से अनकापल्ली, विशाखापत्तनम, काकीनाडा और कोनासीमा जिलों में कई स्थानों पर भारी बारिश दर्ज की गई है। विशाखापत्तनम, काकीनाडा, कोनासीमा और पश्चिम गोदावरी जिलों के कलेक्टरों ने भी अपने-अपने क्षेत्रों में तेज हवाओं और भारी बारिश की जानकारी दी है।
अधिकारियों के अनुसार, तूफानी हवाओं के चलते कुछ स्थानों पर पेड़ गिरने की घटनाएं भी सामने आई हैं। तटीय इलाकों में समुद्र का पानी पहुंचने से स्थिति और चुनौतीपूर्ण हो गई है।
काकीनाडा में बाढ़ के बीच फंसे चार लोगों का सुरक्षित रेस्क्यू
चक्रवात के बीच काकीनाडा जिले से राहत भरी खबर भी सामने आई है। यहां पुलिस ने बॉम्बे कट्टा इलाके के पास बाढ़ के पानी में फंसे चार लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला।
जानकारी के अनुसार, चारों लोग सुबह अपनी ड्यूटी पर पहुंचे थे, लेकिन भारी बारिश और समुद्र का पानी इलाके में भर जाने के कारण रात तक वहीं फंसे रहे। जिस स्थान पर वे मौजूद थे, उसके चारों ओर पानी भर गया था और बाहर निकलने का कोई रास्ता नहीं बचा था।
इसके बाद फंसे हुए लोगों ने पुलिस को अपनी स्थिति की जानकारी दी। सूचना मिलते ही पुलिस ने बचाव अभियान शुरू किया और चारों को सुरक्षित निकाल लिया। रेस्क्यू के बाद उन्हें वाहन में बैठाकर उनके घर भेज दिया गया।
काकीनाडा पोर्ट के गोदाम में भी तीन लोगों के फंसने की खबर
काकीनाडा एंकरेज पोर्ट स्थित सीडब्ल्यूसी गोदामों में भी तीन लोगों के फंसे होने की खबर सामने आई है। भारी बारिश और समुद्र का पानी गोदाम परिसर में घुसने से पूरा इलाका जलमग्न हो गया। इस दौरान वहां बिजली की आपूर्ति भी पूरी तरह बंद हो गई।
पुलिस के अनुसार, हालात उस समय गंभीर हो गए जब रात की शिफ्ट में काम कर रहे कर्मचारी बाढ़ का पानी भर जाने के कारण स्टोर परिसर से बाहर नहीं निकल सके। ऑपरेशन टीम और एलपीए के कर्मचारी भी वहां फंस गए।
कर्मचारियों ने सुनाई आपबीती, बचाव दल ने पहुंचाई मदद
एक निजी कंपनी के कर्मचारी जी राजू ने बताया कि चक्रवात अर्नब के दौरान वह दोपहर की शिफ्ट में काम कर रहे थे। इसी बीच इलाके में पानी भरने से वह फंस गए। बाद में बचाव दल उन तक पहुंचा और उन्हें सुरक्षित बाहर निकाला।
इसी तरह नादकुदुरु निवासी सी दुर्गा प्रसाद भी काकीनाडा बस स्टॉप की ओर जाते समय बाढ़ के पानी में फंस गए थे। स्थानीय लोगों से सूचना मिलने के बाद पुलिस ने कार्रवाई करते हुए उन्हें सुरक्षित बचाया। दुर्गा प्रसाद ने समय पर मदद पहुंचाने के लिए पुलिस का आभार जताया।
पुलिस की अपील, जरूरी काम होने पर ही घरों से निकलें
चक्रवात के कारण बने खतरनाक हालात को देखते हुए काकीनाडा पुलिस ने लोगों से विशेष सावधानी बरतने की अपील की है। पुलिस ने कहा है कि जब तक बेहद जरूरी न हो, लोग घरों से बाहर न निकलें। विशेष रूप से उन इलाकों से दूर रहने की सलाह दी गई है, जहां बाढ़ का पानी भरा हुआ है।
पुलिस ने यह भी स्पष्ट किया है कि यदि कोई व्यक्ति खतरनाक परिस्थितियों में फंस जाता है या उसे तत्काल सहायता की जरूरत होती है, तो वह आपातकालीन हेल्पलाइन नंबर 112 अथवा काकीनाडा पुलिस कंट्रोल रूम से संपर्क कर सकता है।
फिलहाल आंध्र प्रदेश के तटीय क्षेत्रों में चक्रवात अर्नब का प्रभाव बना हुआ है। मौसम विभाग की चेतावनी के बीच प्रशासन स्थिति पर नजर रखे हुए है और प्रभावित इलाकों में लोगों की सुरक्षा को प्राथमिकता दी जा रही है।

